‘इंडियन कोरोना’: कमलनाथ ने वायरस फैलाने वाले चीन की बजाय भारत को किया बदनाम, वीडियो वायरल

मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ का शुक्रवार (21 मई 2021) को कॉन्ग्रेस कार्यकर्ताओं को किसान आंदोलन के नाम पर क्षुद्र राजनीति करने और आग लगाने की सलाह देने का वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हुआ। वहीं, एक दिन बाद यानी शनिवार को (22 मई 2021) उनका एक और विवादित वीडियो सामने आया है। नए वीडियो में कॉन्ग्रेस नेता दुनिया भर में कोरोना वायरस फैलाने वाले चीन की बजाय भारत को कोसते नजर आ रहे हैं।

कमलनाथ ने क​हा, ”दुनिया भर में देश की पहचान इंडियन कोरोना से बन गई है। इसकी शुरुआत चीनी कोरोना से हुई थी, लेकिन अब यह इंडियन वेरिएंट कोरोना है। आज भारत के राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री COVID-19 के भारतीय वेरिएंट से डरते हैं। यह कौन सा टूलकिट है? हमारे वैज्ञानिक इसे इंडियन वेरिएंट कह रहे हैं। सिर्फ बीजेपी के सलाहकार ही नहीं मान रहे हैं।”

कॉन्ग्रेस नेता ने वीडियो में कहा, ”हम कहते थे कि चाइनीज कोरोना है। अगर आपको याद हो तो जनवरी 2020 में जब इसकी शुरुआत हुई थी, तब हम कहते थे यह कोरोना चीन का है। चाइनीज लेबोरेटरी में बनाया गया था और एक खास शहर से आया था। हम आज कहाँ पहुँच गए हैं? आज दुनिया इसे इंडियन कोरोना कहती है।”

उन्होंने आगे कहा कि ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कह रहे हैं कि इंडियन कोरोना से सब डर रहे हैं, सारी फ्लाइटें बंद करो। उन्होंने छात्रों और वहाँ काम करने वाले लोगों की एंट्री बंद कर दी है कि वे इंडियन कोरोना ले आएँगे। इसी वजह से आज भारत को दुनिया में पहचाना जाता है। भूल जाओ मेरा देश महान है, अब मेरा भारत COVID बन गया है। इसे दबाकर आप किसी को बेवकूफ नहीं बना सकते। इस दौरान कमलनाथ ने सरकार पर कोरोना से हुई मौतों के आँकड़ों को छिपाने का आरोप भी लगाया।

कमलनाथ का बयान सामने आने के बाद मध्य प्रदेश के गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने कहा, “कुछ दिन पहले, हमने अरविंद केजरीवाल के भारतीय वेरिएंट और सिंगापुर पर नकली बयान सुना। वह (कमलनाथ) इसे इंडियन COVID भी कह रहे हैं। यह पक्का है कि कमलनाथ का टूलकिट से कनेक्शन है।”

बीजेपी नेता ने शुक्रवार (21 मई 2021) को ट्वीट कर कहा था कि देश कोरोना महामारी की वैश्विक आपदा से जूझ रहा है। ऐसी स्थिति में कमलनाथ जी जैसे वरिष्ठ नेता को देशवासियों को संकट से बचाने की बात करनी चाहिए ना कि प्रदेश और देश में आग लगाने की? हकीकत में उनकी मूल प्रवृत्ति यही है।

भाजपा प्रवक्ता संबित पात्रा ने ट्विटर पर कहा कि सोनिया गाँधी के नेतृत्व वाली पार्टी के नेताओं को देश को बदनाम करने में ख़ुशी मिलती है। उन्होंने कहा कि कॉन्ग्रेस ऐसा इसलिए कर रही है, क्योंकि उसने 7 अगस्त, 2008 को चीन की कम्युनिस्ट पार्टी के साथ एक समझौते (MOU) पर हस्ताक्षर किए थे।

बता दें कि हाल ही में कॉन्ग्रेस के कथित टूलकिट मामले के खिलाफ देश के शीर्ष अदालत में याचिका दायर की गई है। मामले को सरकार के खिलाफ लोगों को भड़काने और दुनिया में भारत की छवि बिगाड़ने का साजिश बताया गया है। याचिकाकर्ता वकील शशांक शेखर झा ने अंतरराष्ट्रीय साजिश का पता लगाने के लिए राष्ट्रीय जाँच एजेंसी (NIA) से जाँच और दोष साबित होने पर कॉन्ग्रेस की मान्यता रद्द करने की माँग की है।

याचिका में कहा गया है कि केंद्र सरकार को निर्देश जारी होना चाहिए कि वह गाइडलाइंस बनाए कि कोई भी पार्टी, ग्रुप कोई भी ऐसा पोस्टर और बैनर नहीं लगाएगा जिसमें एंटी नेशनल सामग्री हो। साथ ही कोरोना से मरे लोगों के अंतिम संस्कार और शव न दिखाए जाएँ। इसके अलावा केंद्र सरकार को कोविड-19 महामारी के दौरान आवश्यक वस्तुओं की जमाखोरी के बारे में निर्देश जारी किया जाए।

Leave a Comment