क्या एलएसी पर कम होगा तनाव! भारत-चीन के बीच कॉर्प्स कमांडर स्तर की नौंवी वार्ता आज

No Comments
क्या एलएसी पर कम होगा तनाव! भारत-चीन के बीच कॉर्प्स कमांडर स्तर की नौंवी वार्ता आज

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Sun, 24 Jan 2021 08:53 AM IST

भारत-चीन के बीच आज होगी वार्ता (फाइल फोटो)
– फोटो : ANI

पढ़ें अमर उजाला ई-पेपर
कहीं भी, कभी भी।

*Yearly subscription for just ₹299 Limited Period Offer. HURRY UP!

ख़बर सुनें

भारत और चीन के बीच पूर्वी लद्दख में वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर जारी तनाव को कम करने के लिए लगभग ढाई महीने बाद रविवार को फिर से कॉर्प्स कमांडर स्तर की वार्ता होगी। मई 2020 की शुरुआत से ही भारत और चीन के बीच सीमा पर गतिरोध जारी है। नौंवे राउंड की यह बैठक XIV कॉर्प्स कमांडर लेफ्टिनेंट जनरल पीजीके मेनन और दक्षिण शिंजियांग मिलिस्ट्री क्षेत्र के कमांडर मेजर जनरल लियू लिन के बीच होगी। दोनों कमांडर के बीच की ये बैठक एलएसी के पास चीन की तरफ के हिस्से चुशुल में होगी।

बैठक का लक्ष्य पूर्वी लद्दाख में नौ महीनों से जारी तनाव का समाधान निकालना है। बैठक में विदेश मंत्रालय के प्रतिनिधि के भी शामिल होने की संभावना है। एक अधिकारी ने शनिवार को इसकी जानकारी दी थी। वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार, नौंवे दौर की वार्ता काफी महत्वपूर्ण है। उम्मीद जताई जा रही है कि इस वार्ता में दोनों पक्षों के बीच एक लिखित समझौता हो सकता है। 

यह भी पढ़ें- एक्सक्लूसिव: चीन सीमा पर 11 हजार फीट की ऊंचाई पर वाईफाई सेवा से जुड़ी आईटीबीपी की मिलम चौकी

पिछली कुछ बैठकों की तरह विदेश मंत्रालय के प्रतिनिधि भी इस बैठक का हिस्सा होंगे। दोनों पक्षों के बीच आखिरी सैन्य वार्ता छह नवंबर को हुई थी। इससे पहले, 18 दिसंबर, 2020 को विदेश मंत्रालय स्तर की वार्ता में दोनों देशों ने कहा था कि वे एलएसी के पर सभी तनाव वाले स्थानों से सैनिकों की वापसी सुनिश्चित करने की दिशा में काम जारी रखने को तैयार हैं। उसी वक्त नौवें दौर की वार्ता को लेकर सहमति बनी थी।

6 नवंबर 2020 को वरिष्ठ कमांडरों की आयोजित 8वें दौर की बैठक को लेकर दोनों पक्षों ने कहा था कि इस बैठक में जमीन पर स्थिरता सुनिश्चित करने में मदद मिली। आठवें दौर की इस बातचीत के दौरान चीन की पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (पीएलए) ने कहा था कि वे अपने फ्रंटलाइन सैनिकों को संयम बरतने और किसी भी गलतफहमी से बचने के लिए सुनिश्चित करेंगे।

भारत और चीन के बीच पूर्वी लद्दख में वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर जारी तनाव को कम करने के लिए लगभग ढाई महीने बाद रविवार को फिर से कॉर्प्स कमांडर स्तर की वार्ता होगी। मई 2020 की शुरुआत से ही भारत और चीन के बीच सीमा पर गतिरोध जारी है। नौंवे राउंड की यह बैठक XIV कॉर्प्स कमांडर लेफ्टिनेंट जनरल पीजीके मेनन और दक्षिण शिंजियांग मिलिस्ट्री क्षेत्र के कमांडर मेजर जनरल लियू लिन के बीच होगी। दोनों कमांडर के बीच की ये बैठक एलएसी के पास चीन की तरफ के हिस्से चुशुल में होगी।

बैठक का लक्ष्य पूर्वी लद्दाख में नौ महीनों से जारी तनाव का समाधान निकालना है। बैठक में विदेश मंत्रालय के प्रतिनिधि के भी शामिल होने की संभावना है। एक अधिकारी ने शनिवार को इसकी जानकारी दी थी। वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार, नौंवे दौर की वार्ता काफी महत्वपूर्ण है। उम्मीद जताई जा रही है कि इस वार्ता में दोनों पक्षों के बीच एक लिखित समझौता हो सकता है। 

यह भी पढ़ें- एक्सक्लूसिव: चीन सीमा पर 11 हजार फीट की ऊंचाई पर वाईफाई सेवा से जुड़ी आईटीबीपी की मिलम चौकी

पिछली कुछ बैठकों की तरह विदेश मंत्रालय के प्रतिनिधि भी इस बैठक का हिस्सा होंगे। दोनों पक्षों के बीच आखिरी सैन्य वार्ता छह नवंबर को हुई थी। इससे पहले, 18 दिसंबर, 2020 को विदेश मंत्रालय स्तर की वार्ता में दोनों देशों ने कहा था कि वे एलएसी के पर सभी तनाव वाले स्थानों से सैनिकों की वापसी सुनिश्चित करने की दिशा में काम जारी रखने को तैयार हैं। उसी वक्त नौवें दौर की वार्ता को लेकर सहमति बनी थी।

6 नवंबर 2020 को वरिष्ठ कमांडरों की आयोजित 8वें दौर की बैठक को लेकर दोनों पक्षों ने कहा था कि इस बैठक में जमीन पर स्थिरता सुनिश्चित करने में मदद मिली। आठवें दौर की इस बातचीत के दौरान चीन की पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (पीएलए) ने कहा था कि वे अपने फ्रंटलाइन सैनिकों को संयम बरतने और किसी भी गलतफहमी से बचने के लिए सुनिश्चित करेंगे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *