गेहूँ की सबसे अधिक खरीद: 13 लाख किसानों को 11141 करोड़ रुपए का भुगतान कर UP सरकार ने बनाया रिकॉर्ड

उत्तर प्रदेश में मौजूदा रबी मार्केंटिंग सत्र 2021-22 के दौरान न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर 12.98 लाख किसानों से रिकॉर्ड मात्रा में 56.41 लाख मीट्रिक टन गेहूँ की खरीद की गई। यह राज्य के इतिहास में गेहूँ की अब तक की सबसे अधिक खरीद है।

राज्य के किसानों को एमएसपी के रूप में कुल 11,141.28 करोड़ रुपए का भुगतान किया जा चुका है। वर्तमान सत्र में हुई खरीद में रबी मार्केटिंग सत्र 2020-21 की तुलना में 58% की वृद्धि हुई है। तब 6.64 लाख किसानों से 35.77 लाख मीट्रिक टन गेहूँ खरीदा गया था।

उपभोक्‍ता कार्य, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्रालय ने बताया कि उत्तर प्रदेश में खरीफ मार्केटिंग सत्र 2020-21 के दौरान धान की भी रिकॉर्ड खरीद हुई थी। खरीफ मार्केटिंग सत्र 2020-21 के दौरान उत्तर प्रदेश के 10.22 लाख किसानों से 66.84 लाख मीट्रिक टन धान की रिकॉर्ड खरीद की गई थी। यह राज्य के इतिहास में धान की अब तक की सर्वाधिक खरीद है।

यहाँ पर यह ध्यान देने वाली बात है कि गेहूँ की खरीद का कार्य वर्तमान रबी मार्केटिंग सत्र (RMS 2021-22) के लिए इसकी खरीद वाले अधिकांश राज्यों में पूरा हो चुका है। 8 जुलाई 2021 तक 433.32 लाख मीट्रिक टन गेहूँ की खरीद की गई है (जो कि अब तक की खरीद का सबसे उच्चतम स्तर है, क्योंकि इसने RMS 2020-21 के पिछले उच्च स्तर 389.92 लाख मीट्रिक टन गेहूँ की खरीद के आँकड़े को पार कर लिया है)।

पिछले साल की इसी अवधि में 387.50 लाख मीट्रिक टन गेहूँ खरीदा गया था। लगभग 49.16 लाख किसान मौजूदा रबी मार्केटिंग सत्र में MSP मूल्यों पर हुए खरीद कार्यों से लाभान्वित हो चुके हैं और उन्हें 85,581.02 करोड़ रुपए का भुगतान किया जा चुका है।

धान की खरीद वर्तमान खरीफ सत्र 2020-21 में इसकी बिक्री वाले राज्यों में सुचारू रूप से जारी है। 8 जुलाई 2021 तक 866.05 लाख मीट्रिक टन से अधिक धान का क्रय किया जा चुका है (इसमें खरीफ फसल का 707.59 लाख मीट्रिक टन और रबी फसल का 158.46 लाख मीट्रिक टन धान शामिल है), जबकि पिछले वर्ष की इसी अवधि में 756.80 लाख मीट्रिक टन धान खरीदा गया था।

मौजूदा खरीफ विपणन सत्र में लगभग 127.72 लाख किसानों को पहले ही MSP मूल्य पर 1,63,510.77 करोड़ रुपए का भुगतान करके खरीद कार्य से लाभान्वित किया जा चुका है। धान की खरीद भी सर्वकालिक उच्च स्तर पर पहुँच गई है और इसने खरीफ मार्केटिंग सत्र 2019-20 के पिछले उच्च स्तर 773.45 लाख मीट्रिक टन के आँकड़े को पार कर लिया है।

Updated: October 1, 2021 — 4:38 pm

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *