वो एकता कपूर की ‘गंदी बात’ जैसे नॉर्मल वीडियोज, कोई पोर्न नहीं: राज कुंद्रा के समर्थन में कूदीं गहना वशिष्ठ, खुद भी हुई थीं गिरफ्तार

पोर्नोग्राफी से संबंधित केस में राज कुंद्रा की गिरफ्तारी के बाद एक्ट्रेस गहना वशिष्ठ ने उनको समर्थन दिया है। दिलचस्प बात यह है कि गहना खुद ऐसे ही मामले में जेल से जमानत पर छूटकर बाहर आई हैं। एक्ट्रेस का कहना है कि जिन वीडियोज पर विवाद हो रहा है वो नॉर्मल वीडियोज थीं, जैसे एकता कपूर बनाती हैं।

वह कहती हैं, “मुझे राज के अरेस्ट के बारे में पता चला, मैं सिर्फ यह कहना चाहूँगी कि कोई भी पॉर्न नहीं बना रहा है, कोई गंदे वीडियो नहीं बना रहा। नार्मल वीडियो थे जैसे एकता कपूर ‘गंदी बात’ बनाती हैं और ‘पार्च्ड’ न जाने कितनी फिल्में हैं। इन सारी सीरीज़ में उनसे कम बोल्डनेस है।”

वह कहती हैं, “मेरी आप लोगों से रिक्वेस्ट है कि वीडियो देखे बिना जज न करें, पहले वीडियो देख लें क्योंकि उनमें से कोई एक भी ऐसा वीडियो नहीं है जो पोर्न की कैटेगरी में आता है। मुझे लगता है जिनसे मैं बात कर रही हूँ वो सभी समझदार लोग हैं और अधिकतर सभी 18 साल से ऊपर के लोग हैं जिनको पोर्न और इरॉटिका वीडियो में फर्क समझ आता है, सिर्फ कवर देखकर ये डिसाइड न करें कि वो अश्लील वीडियो है। बाकी मुझे मुंबई पुलिस पर भरोसा है, वो इंडिया की सबसे अच्छी पुलिस है, मुझे विश्वास है कि वो गलत नहीं करेगी।”

अपनी बात रखते हुए गहना ने फिर अपील की, “चीजों को गलत न दिखाया जाए जो सच है वो दिखाया जाए। वो सिर्फ नॉर्मल बोल्ड वीडियो हैं जो कि बहुत लोग बनाते आ रहे हैं और बनाते हैं। मेरी सभी से गुजारिश है कि इरॉटिका को पॉर्न से मिक्स न किया जाए। सच को समझा जाए और सच को ही शो किया जाए। इन सबके अलावा इंटरनेट पर आप देखेंगे कि ऐसी वीडियोज हैं जो सच में पोर्न कैटेगरी में आती हैं लेकिन उनपर कोई कुछ नहीं कह रहा, केवल मुट्ठी भर लोगों को टारगेट किया जा रहा है। यहाँ जितनी वीडियो की बात की जा रही है चाहे मुझसे जुड़ी हों, चाहे राज कुंद्रा से जुड़ी हों, चाहे शिल्पा शेट्टी का नाम लिया जा रहा हो बार-बार। प्लीज इरॉटिका को पोर्न से मिक्स न किया जाए।”

उल्लेखनीय है कि राज कुंद्रा से पहले ऐसे ही केस में गहना वशिष्ठ की गिरफ्तारी हुई थी। इस कारण उन्हें पाँच माह जेल में रहना पड़ा। फिलहाल वह जमानत पर बाहर हैं। अपनी हालिया वीडियो में वह जिस शब्द इरॉटिका का इस्तेमाल कर रही हैं, उसका मतलब होता है- कोई भी साहित्यिक या कलात्मक काम जो यौन उत्तेजना से जुड़ा हो लेकिन अश्लील कैटेगरी में न माना जाए।

बता दें कि राज कुंद्रा को पोर्न फ़िल्में बनाने और फिर उन्हें कुछ एप्स के जरिए बेचने के आरोप में मुंबई पुलिस की क्राइम ब्रांच ने 19 जुलाई 2021 गिरफ्तार किया। राज कुंद्रा के खिलाफ IPC और IT एक्ट के अलावा ‘स्त्री अशिष्ट रूपण प्रतिषेध अधिनियम के तहत भी मामला दर्ज किया गया है। अब तक पूरे केस में 11 गिरफ्तारी हुई हैं। कुंद्रा के साथ रियान थार्प को 23 जुलाई तक पुलिस कस्टडी में भेजा गया है।

Updated: October 2, 2021 — 3:54 pm

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